चित्रकूट को मिलने वाली है सबसे बड़ी सौगात? सीएम योगी के मंच से हुए ऐलानों ने बढ़ाई पूरे यूपी की उत्सुकता!
चित्रकूट (उत्तर प्रदेश): उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने चित्रकूट दौरे के दौरान विकास, पर्यटन, रक्षा उद्योग और कनेक्टिविटी को लेकर कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। उन्होंने कहा कि बहुत जल्द नए एयरक्राफ्ट उपलब्ध होने के बाद चित्रकूट को दिल्ली और लखनऊ से सीधी हवाई सेवा से जोड़ दिया जाएगा, जिससे धार्मिक पर्यटन, व्यापार और स्थानीय अर्थव्यवस्था को नई गति मिलेगी। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि वर्ष 2017 से पहले चित्रकूट पहचान के संकट और अव्यवस्था से जूझ रहा था, लेकिन डबल इंजन सरकार के प्रयासों से अब यहां तेजी से विकास हो रहा है।
बुधवार को आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने करीब 951 करोड़ रुपये की लागत वाली 124 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इस अवसर पर उन्होंने चित्रकूट को भारत की आध्यात्मिक विरासत का केंद्र बताते हुए कहा कि आने वाले वर्षों में यह क्षेत्र धार्मिक, औद्योगिक, शैक्षणिक और पर्यटन विकास का बड़ा केंद्र बनेगा।
चित्रकूट को दिल्ली और लखनऊ से मिलेगी सीधी हवाई सेवा
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि चित्रकूट आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों की सुविधा के लिए सरकार हवाई संपर्क को मजबूत करने पर काम कर रही है।
उन्होंने कहा कि नए एयरक्राफ्ट उपलब्ध होने के बाद चित्रकूट को सीधे दिल्ली और लखनऊ से जोड़ा जाएगा। इससे न केवल श्रद्धालुओं को सुविधा मिलेगी बल्कि निवेश, पर्यटन और स्थानीय रोजगार को भी बढ़ावा मिलेगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सड़क और हवाई कनेक्टिविटी किसी भी क्षेत्र के विकास की सबसे महत्वपूर्ण आधारशिला होती है।
951 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने कुल 124 विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया।
इन परियोजनाओं में सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, पर्यटन, आधारभूत संरचना तथा अन्य विकास कार्य शामिल हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का उद्देश्य केवल योजनाओं की घोषणा करना नहीं बल्कि उन्हें समयबद्ध तरीके से पूरा करना भी है।
चित्रकूट को बताया भगवान श्रीराम की तपोभूमि
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने चित्रकूट को भारत की आध्यात्मिक पहचान का महत्वपूर्ण केंद्र बताया।
उन्होंने कहा कि वनवास काल के दौरान भगवान श्रीराम ने सबसे अधिक समय चित्रकूट में बिताया था और यहीं से उन्होंने धर्म, सेवा और राष्ट्र रक्षा का संदेश दिया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि चित्रकूट केवल एक धार्मिक स्थल नहीं बल्कि भारतीय संस्कृति, अध्यात्म और सनातन परंपरा का जीवंत प्रतीक है।
डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग कॉरिडोर पर दिया बड़ा अपडेट
मुख्यमंत्री ने कहा कि चित्रकूट क्षेत्र में डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग कॉरिडोर का कार्य तेजी से आगे बढ़ रहा है।
उन्होंने बताया कि यहां जल्द ही रक्षा क्षेत्र की एक बड़ी औद्योगिक इकाई निवेश करने जा रही है, जिससे स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश अब केवल कृषि राज्य नहीं बल्कि रक्षा उत्पादन के क्षेत्र में भी अपनी मजबूत पहचान बना रहा है।
ब्रह्मोस मिसाइल के निर्यात का किया उल्लेख
मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री के नेतृत्व में भारत की रक्षा क्षमता का उल्लेख करते हुए कहा कि हाल में हुए अंतरराष्ट्रीय समझौतों के बाद उत्तर प्रदेश में बनने वाली ब्रह्मोस मिसाइल का निर्यात भी किया जाएगा।
उन्होंने इसे भारत की आत्मनिर्भर रक्षा नीति का महत्वपूर्ण कदम बताया और कहा कि इससे प्रदेश की औद्योगिक क्षमता को वैश्विक पहचान मिलेगी।
"शस्त्र और शास्त्र दोनों का केंद्र बनेगा चित्रकूट"
मुख्यमंत्री ने कहा कि चित्रकूट केवल आध्यात्मिक शिक्षा का केंद्र नहीं रहेगा बल्कि भविष्य में यह रक्षा अनुसंधान और औद्योगिक विकास का भी महत्वपूर्ण केंद्र बनेगा।
उन्होंने कहा कि जगद्गुरु रामभद्राचार्य दिव्यांग विश्वविद्यालय को राज्य विश्वविद्यालय का दर्जा देकर सरकार ने शिक्षा के क्षेत्र में भी बड़ा कदम उठाया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि शिक्षा और रक्षा दोनों क्षेत्रों में चित्रकूट नई पहचान बनाएगा।
युवाओं से किया विकसित भारत का आह्वान
मुख्यमंत्री ने चित्रकूट इंटर कॉलेज के प्रबंधन और वहां अध्ययनरत हजारों विद्यार्थियों की सराहना की।
उन्होंने कहा कि यही युवा वर्ष 2047 तक विकसित भारत के निर्माण की मजबूत नींव बनेंगे।
मुख्यमंत्री ने विद्यार्थियों से आधुनिक शिक्षा के साथ भारतीय संस्कृति और मूल्यों को भी अपनाने की अपील की।
विपक्ष पर साधा राजनीतिक निशाना
अपने संबोधन के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने समाजवादी पार्टी और कांग्रेस पर भी तीखा राजनीतिक हमला बोला।
उन्होंने आरोप लगाया कि पूर्ववर्ती सरकारों के दौरान चित्रकूट, अयोध्या और अन्य धार्मिक स्थलों के विकास पर पर्याप्त ध्यान नहीं दिया गया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्तमान सरकार धार्मिक स्थलों के सौंदर्यीकरण, पर्यटन सुविधाओं और आधारभूत विकास पर लगातार निवेश कर रही है।
भूमि कब्जों का किया उल्लेख
मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछली सरकारों के समय सरकारी और गरीबों की जमीनों पर अवैध कब्जे हुए थे।
उन्होंने दावा किया कि वर्तमान सरकार ने हजारों एकड़ भूमि को कब्जामुक्त कराकर वहां विश्वविद्यालय, अस्पताल, उद्योग और अन्य सार्वजनिक परियोजनाओं के लिए उपलब्ध कराया है।
लोककल्याणकारी योजनाओं की गिनाईं उपलब्धियां
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार बिना किसी भेदभाव के सभी वर्गों तक योजनाओं का लाभ पहुंचा रही है।
उन्होंने कहा कि प्रदेश में लाखों युवाओं को पारदर्शी प्रक्रिया के माध्यम से सरकारी नौकरियां दी गई हैं।
इसके अलावा गरीब परिवारों को—
मुफ्त राशन,
प्रधानमंत्री आवास,
शौचालय,
बिजली कनेक्शन,
उज्ज्वला योजना के तहत गैस कनेक्शन,
तथा आयुष्मान भारत योजना के अंतर्गत स्वास्थ्य सुरक्षा
जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।
आध्यात्मिक और इको-टूरिज्म पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि चित्रकूट में धार्मिक पर्यटन के साथ-साथ रानीपुर टाइगर रिजर्व के माध्यम से इको-टूरिज्म को भी विकसित किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि इससे स्थानीय लोगों के लिए रोजगार बढ़ेगा और पर्यटन उद्योग को नई दिशा मिलेगी।
विधायक और सांसद को लेकर भी दिया संदेश
मुख्यमंत्री ने कहा कि यदि किसी क्षेत्र में सरकार, विधायक और सांसद एक ही विकास दृष्टिकोण के साथ कार्य करें तो परियोजनाओं को तेजी से पूरा किया जा सकता है।
उन्होंने कहा कि विकास कार्यों में जनप्रतिनिधियों की सक्रिय भूमिका भी महत्वपूर्ण होती है।
अयोध्या और धार्मिक आस्था का किया उल्लेख
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में अयोध्या, भगवान श्रीराम और भारतीय सांस्कृतिक विरासत का भी जिक्र किया।
उन्होंने विपक्षी दलों पर धार्मिक स्थलों को लेकर राजनीति करने का आरोप लगाया और कहा कि भारत की आस्था और विरासत का सम्मान होना चाहिए।
कार्यक्रम में रहे कई जनप्रतिनिधि मौजूद
इस अवसर पर प्रदेश सरकार के मंत्री, विधायक, विधान परिषद सदस्य, पूर्व सांसद, जिला पंचायत प्रतिनिधि, स्थानीय जनप्रतिनिधि तथा बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे।
कार्यक्रम में विकास परियोजनाओं से जुड़े अधिकारियों ने भी विभिन्न योजनाओं की जानकारी प्रस्तुत की।
चित्रकूट में आयोजित कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने क्षेत्र के विकास, धार्मिक पर्यटन, रक्षा उद्योग, शिक्षा और आधारभूत संरचना को लेकर कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। इनमें दिल्ली और लखनऊ से प्रस्तावित सीधी हवाई सेवा, डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग कॉरिडोर का विस्तार तथा 951 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास प्रमुख रहे।
साथ ही उन्होंने अपने संबोधन में विपक्ष पर राजनीतिक आरोप भी लगाए। इन राजनीतिक बयानों पर संबंधित दलों की प्रतिक्रिया अलग हो सकती है। फिलहाल सरकार का कहना है कि चित्रकूट को आध्यात्मिक, औद्योगिक और पर्यटन की दृष्टि से देश के प्रमुख विकास केंद्रों में शामिल करने की दिशा में तेजी से कार्य किया जा रहा है।

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